दिल लगाने से अच्छा है , पेड़ लगाऐ , वोह घाव नही कम से कम छाव तोह देगे
Funny Quotes / Sad
Explore funny sad quotes that mix emotions and humor perfectly with relatable and witty sayings about life and heartbreak.
"मेरे ग़म का छोटा सा हिस्सा लेकर तो देखो ! मरने की ख्वाहिश न करने लगे तो कहना !!"
"जिस्म के ज़ख्म का इलाज तो मुमकिन है ! लेकिन रूह के ज़ख्म का हकीम नहीं कोई !!"
"भूलने वाली बातें याद हैं ! इसलिए ज़िन्दगी में विवाद है !!"
"मुस्कुराते हुए इंसान की कभी जेबे देखना ! हो सकता है रूमाल गिला मिले !!"
"बहुत कुछ बदला है मैंने अपने आप में ! लेकिन तुझे याद करने की वो आदत आज भी बाक़ी है !!"
"वो किताबों में लिखा नहीं था ! जो सबक़ ज़िन्दगी ने सिखाया मुझे !!"
हुस्न वाले जब तोड़ते हैं दिल किसी का ! बड़ी मासूमियत से कहते हैं मजबूर थे हम !!
मेरी हर आह ! के बदले वाह ! मिली है मुझको ! कौन कहता है कि दर्द बिकता नहीं !!"
"मोहब्बत भी उधार की तरह है ! लोग ले तो लेते है मगर देना भूल जाते हैं !!"
"गुज़र जायेगा ये दौर भी ज़रा सब्र तो रख ! जब खुशियाँ ही न रुकी तो ग़म की क्या औकात है !!"
"जो लोग सबकी फ़िक्र करते हैं ! अक्सर उनकी फ़िक्र करने वाला कोई नहीं होता !!"
आ देख मेरी आँखों के ये भीगे हुए मौसम ! किसने कह दिया तुझे भूल गए हम !!"
"जो लोग दर्द को समझते हैं ! वो लोग कभी दर्द की वजह नहीं बनते !!"
"मैं कहाँ जनता हूँ दर्द की क़ीमत ! मेरे अपनों ने मुझे मुफ्त में दिया है !!"
"तरस गए हैं हम तेरे मुँह से कुछ सुनने को ! प्यार की बात न सही कोई शिकायत ही कर दें !!"
मैं हमेशा डरता था उसे खोने से ! उसने ये डर ही ख़त्म कर दिया मुझे छोड़कर !!"
"एक उम्र बीत गयी तुझे चाहते हुए ! तू आज भी बेखबर है कल की तरह !!"
. "मोहब्बत सच्ची हो तो लौट कर ज़रूर आती है ! खैर छोड़ो सब कहने की बाते हैं !!"
"मुझे कहाँ से आएगा लोगों का दिल जीतना ! मैं तो अपना भी हार बैठा हूँ !!"
माना मौसम भी बदलते हैं मगर धीरे-धीरे ! तेरे बदलने की रफ़्तार से तो हवाएं भी हैरान हैं !!
ये दिन भी क़यामत की तरह गुज़रा है ! न जाने क्या बात थी हर बात पर रोना आया !!"
लोग कहते है समझो तो खामोशियाँ भी बोलती हैं ! मैं बरसो से खामोश हूँ और बरसो से बेखबर !!"
"तू मेरी चाहत का एक लफ्ज़ भी नहीं पढ़ सकी ! और मैं तेरे दिए हुए दर्द की किताब को रोज़ पढ़ते पढ़ते सोता हूँ !!"
जब तुम्हारा दिल चाहे लौट आना ! इंतेज़ार की आदत है मुझे !!"
"आँसुओ का कोई वज़न नहीं होता ! लेकिन निकल जाने पर मन हल्का हो जाता है !!
"तुम अपने ज़ुल्म की इन्तेहा करदो ! क्या पता फिर कोई हमसे बेज़ुबाँ मिले न मिले !!"
"अगर क़िस्मत लिखने का हक़ मेरी माँ का होता ! तो मेरी ज़िन्दगी में एक भी ग़म न होता !!"
अभी तक मौजूद हैं मेरे दिल पर तेरे क़दमों के निशाँ ! हमने तेरे बाद इस राह से किसी को गुज़रने नहीं दिया !!"
"जिनके दिल पर चोट लगती है ! वो अक्सर आँखों से नहीं दिल से रोते हैं !!"
दिल में आने का रास्ता तो होता है, लेकिन जाने का नहीं ! इसलिए जो भी जाता है दिल तोड़कर जाता है !!