कदर हमरी भी करेंगे एक दिन जमाने वाले देख लेना बस जरा ये भलाई की बुरी आदत छूट जाने दो
Status / Attitude
Discover how your attitude can transform your life. This section delves into techniques for enhancing your personal influence and building resilience. Embrace a growth mindset and unlock your potential!
जिन्दगी से एक सबक मिला हैं अकड़ मैं रहोगे तो लोग अपनी औकात मैं रहेंगे
You think I’ve changed. Truth is you never really knew the real me.
अपनी औकात भूल जाए इतने अमीर भी नहीं है, हम और आप हमें हमारी औकात बता दो इतने फ़क़ीर भी नही है हम।
अगर मै औकात देखकर दोस्ती करता तो तुम मेरे आस पास भी नहीं होते..!
सीने में जिगर रखना पड़ता है छोटे हाथ में घोडा रखने से हर कोई बस्ती का रघु नहीं बन जाता
Stop trying to fit in when you were born to stand out.
खुदा का खौफ है वरना खेलना हमे भी आता है.😎
बेटा प्यार से झुका सकता है हथियार से नहीं धोखे से मार सकता है वार से नहीं
उम्र कुछ नहीं कहती साहब कारनामे हैसियत बताते है |
हौसले 💪 का सबूत देना था, इसलिए ठोकर खाकर भी मुस्कुरा 😊 पड़े.
मुकाबला भी करेंगे छोटे पहले तू बराबरी तो कर ले..💪
मैं बदनाम हु हर जगह ये पैगाम पंहुचा जहा मैं नहीं पहुचा वहा मेरा नाम पहुचा |
किस घुमान मैं हो मोहतरमा भुला दिया हमने तुझे
औकात की बात न करो अगर दिखा दी मेने तो वजूद मिट जायेगा तुम्हारा
खामोश हूँ बेजुबान नहीं, 'शिकारी' हूँ किसी का शिकार नहीं ।
खामोश था मैं 🙄 तुमने कमजोर समझ लिया👿
जरुरत नहीं है हमे आज तेरी मोहब्बत की… कल जब थी तो तुझे गुरूर बहुत था…💯💯
दुश्मन चाहे कितने भी हो पर दोगला यार एक भी न हो |💯
जो न देते थे जवाब, उनके सलाम आने लगे, वक़्त बदला तो, मेरे नीम पे आम आने लगे!!
सच है जब इंसान की जरूरत बदल जाती है तो उसका बात करने का तरीका भी बदल जाता है
तुम किसी और से इश्क़ कर लो हमे अमीर होने में थोडा वक्त लगेगा |
रुठुंगा अगर तुजसे तो इस कदर रुठुंगा की ,, ये तेरीे आँखे मेरी एक झलक को तरसेंगी
जवाब देना तो हमें भी आता है,, लेकिन आप इस काबिल नहीं… 🔥🔥
मिज़ाज ठंडा रखिए जनाब गर्म तो हमें सिर्फ चाय पसंद है
What other people think of me is none of my business.
मुझे हराकर कोई मेरी जान भी ले जाए मुझे मंजूर है, लेकिन धोखा देने वालों को मै दुबारा मौका नही देता..
दिखावे की नजदीकियों से दूरियां ही अच्छी हैं |
तुझे प्यार भी तेरी औकात से ज़्यादा किया था, अब बात नफरत की है तो नफरत ही सही।😠😠
उड़ने दो मिट्टी कहाँ तक जाएगी हवा का साथ छूटेगा ज़मीन पर ही आएगी
पत्थर सा बदनाम हूँ साहब , अपने शहर में आईना कहीं भी टूटे नाम मेरा ही आता है