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अंधेरा मिटे, ज्ञान का दीप जले हर घर में, खुशियाँ बिखरे, प्रेम पले हर डगर में। दिव्य आशीषों से भरा हो आपका हर पल, यह पर्व लाए जीवन में नव उत्साह और बल।

Status / Attitude

Discover how your attitude can transform your life. This section delves into techniques for enhancing your personal influence and building resilience. Embrace a growth mindset and unlock your potential!

हमारी अफवाह के धुंए वही से उठते है जहाँ हमारे नाम से आग लग जाती है..

गुस्से के तेज़ लोग दिल के साफ़ होते हैं

शरीफ इंसान शराफत की वजह से चुप रह गया | बदमाश ने समझा की उसे जवाब देना ही नहीं आता !

शोर करने वाले अगर खामोश हो जाये, तो उनकी ख़ामोशी से सुकून नहीं खौफ आता है ❤️‍🔥

यू ना कहो के ये किस्मत की बात है... मुझे बर्बाद करने में तुम्हारी भी हाथ है...

"आदमी का अमीर होना जरूरी नहीं है जमीर होना जरूरी है।" 💯

तू मोहब्बत थी इसलिए तुझे भाव दिया , वरना इग्नोर करने में मैंने पीएचडी की है

हमको मिटा सके ये ज़माने में दम नहीं, हमसे ज़माना है ज़माने से हम नहीं.🔥

खुद से कभी नहीं हरा तो ये दुनिया क्या हरायेगी

जो इज्जत देगा उसी को इज्जत मिलेगी, हम हैसियत देखकर सर नहीं झुकाते 🔥🔥

I may not be perfect but I am original.

उड़ने दो मिट्टी कहाँ तक जाएगी हवा का साथ छूटेगा ज़मीन पर ही आएगी

सीधी सी बात है यार तुम बिछड़ गए... और हम बिगड़ गए |

तुमने देखी ही कहाँ है औकात मेरी, मैं वो हूँ जिसने कभी खुद को भी नहीं चाहा.

ज़माने में आये हो तो जीने का हुनर भी रखना.. दुश्मनों से कोई खतरा नहीं बस अपनो पे नजर रखना.....

जिन्हे अपना समझा वो पीठ पीछे खंजर खोप रहे है बिचारे कुत्ते शेर के आगे भोंक रहे है

तुम जिन्दगी में आ तो गये हो मगर ख्याल रखना, हम ‘जान’ दे देते हैं, मगर ‘जाने’ नहीं देते !!

इश्क़ की बात न करो जनाब जले बैठे हैं, खामखा गाली दे देंदे |😠

बरसने दो उन्हे जो आज बरसते है, पर जीस दिन हम बरस गये ना तो समंदर छोटा पड जायेगा याद रखना |

सबर कर अपना किस्सा नहीं कहानी हैं

“डर से मत डरो, डर को डराओ, जो भूल गया है उसे उसकी औकात याद दिलाओ।”🖕

शायरी का बादशाह हुं और कलम मेरी रानी, अल्फाज़ मेरे गुलाम है, बाकी रब की महेरबानी

हमको तोह सब ही पसंद करते है, अब क्या सबके हो जाए हम

किसी ने क्या खूब लिखा है , मैं पसंद तो बहुत हूँ सबको पर जब उनको मेरी जरूरत होती है तब ..

ऐसे बनो की तुम नहीं वो तुम्हे खोने से डरे

बचपन से ही शौक था अच्छा इंसान बनने का, लेकिन बचपन खत्म और शौक भी खत्म.😎

अभी तो हम मैदान में उतरे भी नहीं और लोगों ने हमारे चर्चे शुरू भी कर दिए ..!

खुदा का खौफ है वरना खेलना हमे भी आता है.😎

“बादशाह बनो शेर जैसे वरना डराना तो कुत्ते भी जानते हैं”

जो इज़्ज़त देगा उसी को इज़्ज़त मिलेगी, हम हैसियत देखकर सर नहीं झुकाते..