तेरे दिल के बाजार में मै रोज़ बिकती हुं , कुछ लफ्ज़ तेरी यादों के हर रोज़ लिखती हुं
Status / Alone
Explore the enriching experience of solitude. Learn how being alone can enhance your self-awareness, promote personal development, and lead to greater mental clarity. Discover practical tips and insights to embrace your alone time.
sadly, i'm not enough for the person who i considered my everything
मोहब्बत नहीं है उसे मुझसे ये जानता हूँ मैं फिर भी ये बात कहाँ मानता हूँ मैं
होने दो जरा उन को भी तनहा.... याद हम भी उन्हें बेहिसाब आएंगे..
बिन धागे की सुई सी बन गई है ये ज़िंदगी ...सिलती कुछ नहीं ... बस चुभती चली जा रही है ...
Its better to be lonely then to be played by wrong people.
आदत बदल सी गई है वक़्त काटने की , हिम्मत ही नहीं होती अपना दर्द बांटने की
I like being alone, listening to music in my own world, away from all the bullshit in life."
बदल दिया है मुझे मेरे चाहने वालो ने ही… वरना मुझ जैसे शख्स में इतनी खामोशी कहाँ थी...
i am single because i would rather be alone than be with a guy who makes me feel alone.
बस एक बार , उलझना है तुमसे, बहुत कुछ , सुलझाने के लिये
ऐ दिल तू क्यों रोता है , ये दुनिया है यहाँ ऐसा ही होता है.
किस्मत और दिल की आपस में कभी नहीं बनती, जो लोग दिल में होते है, वो किस्मत में नहीं होते।😊😊
कभी कभी नाराजगी, दूसरों से ज्यादा खुद से होती है।😊
यूँ ही भटकते रहते हैं अरमान तुझसे मिलने के, न ये दिल ठहरता है न तेरा इंतज़ार रुकता है
बुरा नहीं हूँ मैं मेरी भी कुछ कहानी है, टूट चुका हूँ मैं, अपनो की मेहरबानी हैं.😊💔
थोडा इंतजार कर ए दिल, उसे भी पता चल जाएगा की उसने खोया क्या है !
It's about who stays, not who promised.
मेरी मोहब्बत की कातिल मेरी ग़रीबी ठहरी उसे ले गए ऊँचे मकाँ वाले....!
ज़िन्दगी में मंज़िले तो मिल ही जाती हैं ! लेकिन वो लोग नहीं मिलते जिन्हें दिल से चाहा हो ! 💯💯
Just because I let you go, doesn’t mean i wanted to.
तजुर्बे ने एक ही बात सिखाई है,नया दर्द ही पुराने दर्द की दवाई है।
पहले तुम ही दुनिया लगते थे.. अब तुम भी दुनिया निकले..!!
It’s hard missing someone I can’t talk to
तेरी मोहब्बत को कभी खेल नही समजा , वरना खेल तो इतने खेले है कि कभी हारे नही….!
जिसे दिल मे जगह दी थी वो ही सब बर्बाद कर गया....!!
एक नफरत ही हैं जिसे दुनिया चंद लम्हों में जान लेती हैं…वरना चाहत का यकीन दिलाने में तो जिन्दगी बीत जाती हैं ।
सजा ये है कि बंजर जमीन हूँ मैं और, जुल्म ये है कि बारिशों से इश्क़ हो गया |
क्या कहें कुछ नहीं है कहने को, हाय क्या गम मिला है सहने को.
कैसी है मुहब्बत तेरी महफिल में मिले तो अनजान कह दिया !! सन्हा जो मिले तो जान कह दिया..
तेरी आँखों👀से यूँ तो सागर भी पिए है मैंने💧…तुझे क्या खबर जुदाई के दिन कैसे जिए है मैंने…!!